बुद्ध के अनमोल विचार 


१ 
जीवन में संयम का होना आवश्यक है , ठीक उसी प्रकार जैसे स्वादिष्ट भोजन को करते समय उसकी मात्रा न जानना अपच का कारण बनता है | 
 
२ 
किसी भी वस्तु को देखकर उसे वही समझ पाना सम्यक दॄष्टि कहलाती है 

३ 
हम जो कुछ भी आज है,वो हमारे सोचे गए विचारों का ही परिणाम है 

४ 
सच्चा प्रेम समझ से उपजता है 

५ 
प्रसन्नता का कोई मार्ग नहीं है ,प्रसन्नता अपने आप में स्वयं ही एक मार्ग है 

६ 
सच के मार्ग पर चलते हुए कोई दो ही गलती कर सकता है एक पूरा रास्ता तय न करना और दूसरा इसकी शुरुआत ही न करना

७ 
लक्ष्य तक केवल वही पहुंचता है,जो केवल अपने निशाने को साधकर चलता है 


८ 
कहीं भी पहुंचने से अधिक महत्वपूर्ण ठीक से यात्रा करना होता है 

९ 

स्वयं अपने ज्ञान का प्रकाशयुक्त दीप जलाओ 
‘’आपो दीपो भव ‘’ तुम्हारा ज्ञान रूपी प्रकाश ही  
तुम्हारे साथ रह सकता है ,किसी अन्य का नहीं 


१० 
जो कुछ भी असंतुलित एवं अति है वही जीवन के लिए विष के समान है 

११ 
इस संसार में कोई और जितना आपके प्रेम और स्नेह का अधिकारी है ,उतने ही आप स्वयं भी है स्वयं से भी प्रेम 
करें